संदेश

जून, 2020 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

मध्यकालीन भारत में ग्राम समुदाय

चित्र
  मध्यकालीन भारत में ग्राम समुदाय मध्यकालीन भारत में गाँव ग्रामीण समाज और खेती की सबसे बुनियादी इकाई था। ज़्यादातर लोग गाँवों में रहते थे और रोज़ी-रोटी के लिए खेती पर निर्भर थे। इरफ़ान हबीब के अनुसार गाँव केवल रहने की जगह नहीं था, बल्कि एक प्रशासनिक और आर्थिक इकाई भी था, जिसके ज़रिए मुग़ल राज्य भू-राजस्व (ज़मीन का कर) वसूलता था। गाँव का समाज बराबर नहीं था। उसमें ज़मींदार, मुक़द्दम जैसे अधिकारी, खुद-काश्त ( गाँव में बसे किसान), पाही-काश्त ( बाहर से आए किसान), बालूतेदार (कारीगर और सेवा देने वाले) और भूमिहीन मज़दूर थे। ज़मीन, साधन और सत्ता तक सबकी पहुँच बराबर नहीं थी। ग्राम समुदाय की अवधारणा और संरचना ग्राम समुदाय में किसान, अधिकारी, कारीगर और अन्य समूह शामिल थे, जो खेती पर टिकी व्यवस्था चलाते थे। मुग़ल काल में गाँव ही वह इकाई था जिससे राज्य राजस्व तय और वसूल करता था। खेती मुख्य पेशा: ज़्यादातर लोग किसान थे और पारंपरिक तरीकों, बैलों और साधारण औज़ारों से खेती करते थे। उपज का बड़ा हिस्सा राजस्व के रूप में राज्य ले लेता था, इसलिए ज़मीन का रिकॉर्ड सावधानी से रखा जाता था। गाँव के मुख्य अ...

1812 के युद्ध के कारण और परिणाम

प्रश्न:- 1812 के युद्ध के कारणों और परिणामों का वर्णन कीजिए। परिचय:- 1812 का युद्ध अमेरिका और ब्रिटेन के बीच लड़ा गया। यह युद्ध मुक्त सागर और नाविक अधिकारों की रक्षा के लिए लड़ा गया था। किंतु युद्ध का कारण विवादास्पद बना रहा। कुछ लोग मानते हैं कि यह युद्ध सीमांत भूमि के लिए लड़ा गया, किंतु कुछ लोगों का मानना है कि यह युद्ध मुक्त सागर के लिए लड़ा गया। न्यू इंग्लैंड के व्यापारियों ने इस युद्ध का विरोध किया और इसे मेडिसन का युद्ध बतलाया। इसने इंडियन व्यवधान को तोड़ दिया जो उत्तर-पश्चिम और दक्षिण-पश्चिम विस्तार के मार्ग में बाधा थे। युद्ध के फलस्वरुप व्यापार-व्यवसाय को प्रोत्साहन मिला और औघोगिक श्रेष्ठता की ओर अग्रसर हुआ। इस युद्ध का अंत 1815 में हुआ। यह वर्ष संयुक्त राज्य और विश्व के अन्य देशों के साथ उसके संबंधों के लिए युगांतकारी साबित हुआ। पहले यह देश यूरोपीय मामलों में उलझा रहता था और इसका अधिकांश ध्यान विदेशिक मामलों में केंद्रित रहता था। लेकिन युद्ध के बाद यह अपना अधिकांश ध्यान गृह-मामलों में केंद्रित करने लगा। लगभग एक शताब्दी तक वैदेशिक मामलों की अपेक्षा गृह मामलों की प्राथमिकता बन...

अमेरिका के संविधान का निर्माण

प्रश्न:- (1787) अमेरिका के संविधान के निर्माण का विस्तार से वर्णन कीजिए। परिचय:- 1776 में जिस समय अमेरिका को आजादी मिली, तब वहां कॉन्टिनेंटल कांग्रेस के अलावा कोई भी केंद्र सरकार नहीं थी। जिसका प्रमुख उद्देश्य युद्ध के संचालन को देखना था। क्योंकि इस कांग्रेस में विधानमंडल, कार्यपालिका तथा न्यायपालिका जैसी एक भी संस्था नहीं थी। 1777 में कॉन्टिनेंटल कांग्रेस ने संघ के अनुच्छेदों की नियमावली (article of confederation) को अपनाया तथा राज्यों की स्वीकृति के लिए भेज दिया। इस संघ को विदेशों के साथ राजनीतिक संबंधों का संचालन करने तथा रक्षा आदि मामलों में अधिकार प्राप्त थे, लेकिन न तो यह कर लगा सकता था और न ही व्यापार तथा वाणिज्य से संबंधित इसे कोई अधिकार प्राप्त था। इस नियमावली के अधीन प्रत्येक अमेरिकी राज्य को प्रभुता संपन्न तथा स्वतंत्र मान लिया गया लेकिन उनसे अपेक्षा की गई कि वह कांग्रेस की सिफारिशों को अवश्य लागू करें। इस संघ में प्रत्येक राज्य को अलग-अलग एक-एक वोट प्राप्त था। बिना राज्यों की अनुमति के नियमावली में संशोधन नहीं किया जा सकता था। प्रत्येक राज्य के अपने अलग-अलग न्यायालय थे। धन ...