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जापानी साम्राज्यवाद (1894 से 1945) || कोरिया और मंचूरिया

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                                                        जापानी साम्राज्यवाद (1894 से 1945) कोरिया और मंचूरिया मेजी काल की सबसे बड़ी पहचान राष्ट्रवाद थी। 19वीं सदी के उत्तरार्ध में जापान ने आधुनिकीकरण की शुरुआत की। यह माना गया कि जापान को बचे रहने के लिए आधुनिक सेना और मज़बूत औद्योगिक आधार ज़रूरी हैं। तोकुगावा काल में जापान दुनिया से काफ़ी कटा हुआ था। दूसरे देशों के साथ उसके संबंधों का रूप सबसे पहले पश्चिमी साम्राज्यवाद के संदर्भ से तय हुआ, जिसने संकट की भावना पैदा की। दरअसल विद्वान ई. एच. नॉर्मन आधुनिक जापानी राष्ट्रवाद को 'प्रतिक्रियात्मक राष्ट्रवाद' मानते हैं। यह राष्ट्र की चेतना और आधुनिक राज्य बनाने की तुरंत ज़रूरत का एहसास था, जो जापान में पश्चिम के सैन्य कब्ज़े या सांस्कृतिक उपनिवेशीकरण के डर से पैदा हुआ। इस तरह साम्राज्यवाद एक नए अंतरराष्ट्रीय माहौल की देन था। जापानी विस्तार एशियाई महाद्वीप पर केंद्रित रहा और खास तौर पर चीन और कोरिया के विर...

एंड्रयू जैकसन की नीतियाँ एवं कार्य

प्रश्न:- एंड्रयू जैकसन की नीतियों एवं कार्यों का विस्तार से वर्णन कीजिए। परिचय:- एंड्रयू जैक्सन ने अमेरिकी राजनीति को बहुत समय तक प्रभावित किया। उसने एक चुंबक की भांति अपने मतदाताओं को अपनी ओर आकर्षित किया। जैक्सन ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत दक्षिण कैरोलिना की संवैधानिक सभा के सदस्य के रूप में की। लेकिन जैक्सन को राजनीतिक जीवन की अपेक्षा सैनिक जीवन अधिक पसंद था। अत: व स्थानीय सेना में भर्ती हो गया। 1813-14 में उसने क्रिकों को पराजित किया जिससे उसे मेजर जनरल का पद मिल गया। आगे चलकर अंग्रेजी सेना को पराजित करने से उसकी गणना महान विजेताओं में होने लगी। 1821 में उसे फ्लोरिडा का सैनिक गवर्नर बनाया गया, लेकिन उसने शीघ्र ही परित्याग कर दिया। 1823 में वह सीनेट का सदस्य निर्वाचित हुआ, लेकिन 1825 में उसने इससे भी इस्तीफा दे दिया। 1824 में राष्ट्रपति के पद के लिए उन्हें चुनाव में सबसे अधिक मत मिले लेकिन ऐडम्स और किले की साजिश के कारण कांग्रेस में उन्हे विजय नहीं मिल पाई। 1828 में जॉन क्विंसी ऐडम्स को पराजित कर वह राष्ट्रपति बने।  अपने उद्घाटन भाषण में जैक्सन ने घोषणा की थी कि संघीय प्रशास...

मुगल दरबार में फारसी भाषा का विकास

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मुगल दरबार में फारसी भाषा का विकास  भारत में फ़ारसी भाषा का उद्भव मुगल साम्राज्य में हुआ क्योंकि पहला मुगल सम्राट बाबर अफ़ग़ानिस्तान से आया था। फ़ारसी ईरान की मूल भाषा थी और अफ़ग़ानिस्तान में भी इसका इस्तेमाल किया जाता था। इस वजह से जब मुगल भारत आए, तो वह अपने साथ फ़ारसी भाषा भी लाए। मुगल साम्राज्य में फ़ारसी भाषा का इस्तेमाल दरबारी कामों और लेखन के लिए किया जाता था। यह भाषा मुगल साम्राज्य के प्रशासन, संस्कृति और साहित्य की आम भाषा बन गई। मुगल काल के विभिन्न ऐतिहासिक दस्तावेजों, कला, वास्तुकला और साहित्य में फारसी का प्रयोग किया जाने लगा, जिसमें मुगल साम्राज्य के संस्थापक बाबर की प्रसिद्ध आत्मकथा बाबरनामा भी शामिल है। पृष्ठभूमि: मुगल शासक तुर्क-मंगोल मूल के थे, जिनकी मातृभाषा तुर्की थी। मध्य एशिया में उनके साम्राज्य के विस्तार के दौरान, वे फारसी संस्कृति और साहित्य के संपर्क में आए और फारसी उनकी दूसरी भाषा बन गई। ईरान में सफाविद वंश का शासन था। मुगल और सफाविद वंश के बीच सांस्कृतिक संबंध थे। इस संबंध के कारण फारसी भाषा भारत में और अधिक प्रचलित हुई। इसीलिए मुगल दरबार मे...

कू क्लक्स क्लान (Ku Klux Klan)

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कू क्लक्स क्लान कू क्लक्स क्लान इस गुप्त संगठन की स्थापना सन् 1866 में हुई थी। इसकी स्थापना टेनेसी के छोटे से शहर पुलास्की में प्रमुख स्थानीय वकीलों और राजनेताओं के बेटों द्वारा की गई थी। यह संगठन जब बना तो इसका स्वरूप एक समाजसेवी था औरे गोरे नवयुवक इसके सदस्य थे। बाद में यह संगठन असामाजिक कार्रवाइयों में लिप्त होकर बदनाम हो गया। इस बदनाम संगठन ने दक्षिण के काले लोगों पर जुल्म ढाना शुरु कर दिया। इनकी गैरकानूनी अदालत की सुनवाई के बाद काले अपराधीयों पर कोड़े बरसाए जाते, उसे गोली मार दी जाती या कभी-कभी फाँसी पर भी लटका दिया जाता। इस प्रकार की हरकतों के पीछे का मुख्य कारण "अश्वेत पुनर्निर्माण" के प्रति रोष प्रकट करना था, साथ ही ये घटनाएँ काले लोगों को अपने बराबर का नागरिक मानने के बारे में गोरे लोगों की अस्वीकृति का भी संकेत थीं। कू क्लक्स क्लान 1870 तक दक्षिण के सभी राज्यों में फैल गया और रिपब्लिकन पार्टी की पुनर्निर्माण युग की नीतियों के खिलाफ़ श्वेत दक्षिणी विरोध का वाहक बन गया, जिसका उद्देश्य अश्वेत अमेरिकियों के लिए राजनीतिक और आर्थिक समानता स्थापित करना था। इसके सदस्यों न...